International Day of Yoga 21 June 2017

अंतरराष्ट्रीय योग दिवस की ब्रेकिंग न्यज

भारत को संतो का देश भी कहा जाता हें यहाँ पर प्राचीन काल से योग पध्दति चलती आ रही हें योग भारत की प्राचीन परंपरा का एक अमूल्य उपहार है यह दिमाग और शरीर की एकता का प्रतीक है हिन्दू धर्म के अनुसार प्रचीन काल में ऋषि मुनियो द्वारा योग किया जाता था जिस के कारण वह कई वर्षो तक एक ही मुद्रा (आसन) में रह सकते थे |

21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस

कुछ वर्षो में योग दुनिया में से लुप्त होने के कगार पर आ गया था लेकिन भारत ने योग को दुनिया के सामने प्रस्तुत किया हें | और फिर वह  एतिहासिक दिन आया जब भारत के प्रधानमन्त्री नरेंद्र मोदी ने यूनाइटेड नैशंस की आम सभा में योग दिवस मनाने का प्रस्ताव रखा और इस प्रस्ताव को पास होने में मात्र 3 महीने लगे और 175 देशो ने मंजूरी दे दी यह भी एक रिकोर्ड हें

कैसे करे 21 जून योग दिवस की तैयारी

इस कारण से आज धीरे धीरे हर घर में योग देखने को मिल रहा. योग, भारतीय ज्ञान की पांच हजार वर्ष पुरानी शैली है । योग विज्ञान में जीवन शैली का पूर्ण सार आत्मसात किया गया है| योग धीरे-धीरे एक अवधारणा के रूप में उभरा है और भगवद गीता के साथ साथ, महाभारत के शांतिपर्व में भी योग का एक विस्तृत उल्लेख मिलता है।

योग का क्या मतलब हें जानिए

योग शब्द संस्कृत धातु ‘युज’ से निकला है, जिसका मतलब है व्यक्तिगत चेतना या आत्मा का सार्वभौमिक चेतना या रूह से मिलन। हालांकि कई लोग योग को केवल शारीरिक व्यायाम ही मानते हैं, जहाँ लोग शरीर को मोडते, मरोड़ते, खिंचते हैं और श्वास लेने के जटिल तरीके अपनाते हैं। यह वास्तव में केवल मनुष्य के मन और आत्मा की अनंत क्षमता का खुलासा करने वाले इस गहन विज्ञान के सबसे सतही पहलू हैं। योग सिर्फ व्यायाम और आसन नहीं है। यह भावनात्मक एकीकरण और रहस्यवादी तत्व का स्पर्श लिए हुए एक आध्यात्मिक ऊंचाई है, जो आपको सभी कल्पनाओं से परे की कुछ एक झलक देता है

आठ प्रकार के योग होते हें

यम,नियम,आसन,प्राणायाम,प्रात्याहार,धारणा,ध्यान,समाधि

कब और क्यू मनाया जाता हें योग दिवस

वह एक ऐतिहासिक क्षण था। 11 दिसंबर 2014 यूनाइटेड नैशंस की आम सभा ने भारत द्वारा पेश किए गए प्रस्ताव को स्वीकार करते हुए 21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के रूप में घोषित कर दिया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा 14 सिंतबर 2014 को पहली बार पेश किया गया यह प्रस्ताव तीन महीने से भी कम समय में यूएन की महासभा में पास हो गया। पिछले पचास सालों में योग न सिर्फ एक अंतर्राष्ट्रीय घटना बन चुका है, बल्कि दुनिया के हजारों लाखों लोगों के लिए एक जाना पहचाना नाम बन चुका है।

योग और ध्यान आत्मानुभूति करने में किस तरह से सहायक है जानिए

भारत ने सबसे पहले योग को दुनिया के सामने प्रस्तुत किया हें योग एक व्यायाम ही नही बल्कि एक साधना भी हें जिस से व्यक्ति को जीने का तरीका सिकाता हें और अगर देखा जाये तो योग से बहुत से रोगों का निवारण भी होता हें. आज के इस दोर में लगभग लोगो को कोई ना कोई रोग होता या मानसिक परेशानी हो जिस के कारण से व्यक्ति में चिढ चिड़ा पन आ जाता हें और इस परेशानी के कारण व्यक्ति की आयु भी कम होती जा रही हें भारत में योग का दूसरा नाम बाबा रामदेव हें जिन्होनी विश्व स्तर पर योग की पहचान बनाने में सबसे बढ़ी भूमिका निभाई हें आज पुरे दुनिया में योग किया जाता हें

You Must Read

15 अगस्त 2017 पर झंडा गीत विजय विश्व तिरंगा प्यारा झंडा ऊँचा... झंडा ऊँचा रहे हमारा विजयी विश्व तिरंगा प्यारा, ht...
AIIMS Rishikesh Staff Nurse Answer Key 2017 for 28 October E... AIIMS Rishikesh Staff Nurse Answer Key 2017 ...
CHSE Odisha +2 Merit List Science Topper Odisha 12th Top 10... CHSE Odisha +2 Merit List Science Topper Odisha 12...
दशहरा 2017 विजयदशमीं की तिथि मुहर्त पूजन विधि भगवान राम और र... विजयदशमीं 2017 : दशहरा का त्योंहार आश्विन मास की श...
हरतालिका तीज 2017 अखण्ड सौभाग्यवती बनने के लिय करें हरतालिका... हरतालिका तीज भाद्रपद की शुक्ल तृतीया को मनाई जाती ...
Valentine Day Funny Joke Cute Shayari Status for Whatsapps F... Valentine Day 2018 Funny Joke Cute Shayari Status ...
Happy Diwali Shayari Message HD Wall Paper Free Download Deepawali Shayari SMS,Image,HD Wallpaper 2018 : He...

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *